मैंने ट्यूटोरियल बनाने का आइडिया पिछले साल, 2025 के आखिर में ही छेड़ा था. अच्छा हुआ कि मैंने वो तब नहीं किया, क्योंकि उस वक़्त भी मुझे पूरा यक़ीन था कि मेरा पाला किसी सीक्रेट organisation से पड़ा है जो मुझ पर एक्सपेरिमेंट्स कर रही थी, या फिर किसी तरह की रिमोट torture से.
मैं सीधा पॉइंट पर जाने की कोशिश करूँगा, क्योंकि भले ये हमारी समझ से बाहर जाता हो, मुझे लग रहा है कि इसका हल बहुत सिंपल है.
इसी तरह मैं 100% normal life जी पा रहा हूँ, बिना किसी medicine के, मुझे बिल्कुल भी paranoia feel नहीं होती












